देहरादून: उत्तराखंड प्रीमियर लीग (UPL) 2026 के महिला वर्ग में लीग चरण का रोमांच समाप्त हो गया है। खिताबी मुकाबले के लिए मसूरी क्वींस और देहरादून वॉरियर्स ने अपनी जगह पक्की कर ली है। गुरुवार को होने वाले फाइनल में दोनों टीमें तीसरे सीजन की ट्रॉफी के लिए मैदान में उतरेंगी। मसूरी क्वींस ने लीग चरण में अपने सभी मुकाबले जीतकर शीर्ष स्थान हासिल किया, जबकि देहरादून वॉरियर्स तीन में से दो मैच जीतकर दूसरे स्थान पर रही। लीग चरण के अंतिम दिन बुधवार को खेले गए दोनों मुकाबलों में देहरादून वॉरियर्स और मसूरी क्वींस ने शानदार जीत दर्ज कर फाइनल से पहले अपने इरादे साफ कर दिए।
नीलम भारद्वाज की शानदार पारी से वॉरियर्स की जीत
दिन के पहले मुकाबले में देहरादून वॉरियर्स ने टॉस जीतकर बागेश्वर एरियल को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। वॉरियर्स के गेंदबाजों ने शुरुआत से ही दबाव बनाए रखा और बागेश्वर एरियल की बल्लेबाजी को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। पूरी टीम निर्धारित 20 ओवर में नौ विकेट खोकर 98 रन ही बना सकी। 99 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी देहरादून वॉरियर्स की शुरुआत भी पूरी तरह आसान नहीं रही। टीम ने नियमित अंतराल पर विकेट गंवाए, लेकिन नीलम भारद्वाज ने मोर्चा संभालते हुए 39 गेंदों में 48 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली। उनकी संयमित बल्लेबाजी की बदौलत वॉरियर्स ने 18.1 ओवर में छह विकेट खोकर 99 रन बनाए और चार विकेट से मुकाबला अपने नाम कर लिया। नीलम भारद्वाज को उनकी शानदार बल्लेबाजी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
गेंदबाजों के दम पर मसूरी क्वींस की लगातार जीत
दिन के दूसरे मुकाबले में मसूरी क्वींस ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। हालांकि टीम की बल्लेबाजी बड़ा स्कोर खड़ा नहीं कर सकी और 20 ओवर में नौ विकेट खोकर 88 रन बनाए। पिथौरागढ़ हरिकेन्स के सामने जीत के लिए 89 रन का लक्ष्य था।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी पिथौरागढ़ हरिकेन्स की टीम मसूरी क्वींस के गेंदबाजों के अनुशासित और कसे हुए आक्रमण के सामने संघर्ष करती रही। निर्धारित 20 ओवर में पिथौरागढ़ की टीम नौ विकेट खोकर महज 65 रन ही बना सकी। मसूरी क्वींस ने 23 रन से मुकाबला जीत लिया।
इस जीत के साथ मसूरी क्वींस ने लीग चरण में अपने सभी मुकाबले जीतकर 100 प्रतिशत जीत का रिकॉर्ड कायम रखा। अब फाइनल में उसकी भिड़ंत देहरादून वॉरियर्स से होगी, जहां दोनों टीमें खिताब के लिए पूरी ताकत झोंकेंगी।
