देहरादून/कीर्तिनगर। पहाड़ों की शांत वादियों से निकलकर देश के विभिन्न हिस्सों की विविधता, इतिहास, संस्कृति, विज्ञान, तकनीक और विकास को करीब से जानने का अवसर देवप्रयाग विधानसभा क्षेत्र के 68 मेधावी विद्यार्थियों को मिलने जा रहा है। भारत दर्शन शैक्षिक भ्रमण के 10वें संस्करण के तहत विद्यार्थियों का दल 16 सितंबर को देश भ्रमण पर रवाना होगा। यात्रा से पूर्व मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कीर्तिनगर विकासखंड स्थित स्वामी मनमथन प्रेक्षागृह में विद्यार्थियों से मुलाकात कर उनके उत्साह को बढ़ाया और यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए उनकी यात्रा की तैयारियों और कार्यक्रम की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि भारत दर्शन जैसी यात्राएं विद्यार्थियों के लिए केवल भ्रमण का माध्यम नहीं, बल्कि देश को समझने और अनुभवों से सीखने का महत्वपूर्ण अवसर हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों में जाकर विद्यार्थी वहां की संस्कृति, परंपराओं, ऐतिहासिक विरासत, वैज्ञानिक उपलब्धियों और विकास की नई तस्वीर को प्रत्यक्ष रूप से देख सकेंगे। उन्होंने कहा कि पुस्तकों और कक्षाओं में प्राप्त ज्ञान को जब विद्यार्थी अपने अनुभवों से जोड़ते हैं तो उनकी सोच का दायरा और व्यापक होता है।
ऐसी यात्राएं विद्यार्थियों को देश की विविधता में एकता की भावना को समझने के साथ ही नए विचारों और संभावनाओं से परिचित कराती हैं। मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे भारत दर्शन के दौरान देश के विभिन्न क्षेत्रों की विशेषताओं को ध्यान से समझें, वहां की उपलब्धियों से सीखें और यात्रा के अनुभवों को लौटकर अपने साथियों के साथ साझा करें। उन्होंने कहा कि देश के प्रतिष्ठित संस्थानों और महत्वपूर्ण स्थानों का भ्रमण विद्यार्थियों के भविष्य की दिशा तय करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सफलता के लिए संकल्प दृढ़ होना चाहिए और प्रयास पूरी ईमानदारी से किया जाना चाहिए। इतिहास बनाने वाले लोगों ने भी सामान्य परिस्थितियों से उठकर असाधारण उपलब्धियां हासिल की हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से गुरुजनों और माता-पिता के प्रति श्रद्धा एवं सम्मान बनाए रखने का आह्वान किया।
विकसित भारत के संकल्प में उत्तराखंड की अहम भूमिका
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकसित भारत के निर्माण का संकल्प लिया है और इस दिशा में उत्तराखंड को विकास के विभिन्न क्षेत्रों में अग्रणी राज्य बनाने के लिए राज्य सरकार निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि नीति आयोग की सतत विकास लक्ष्यों की सूची में उत्तराखंड ने देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड स्वतंत्र भारत में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने वाला पहला राज्य बना है। प्रदेश में सख्त नकल विरोधी कानून भी लागू किया गया है। राज्य सरकार के अनेक निर्णय आज दूसरे राज्यों के लिए उदाहरण बन रहे हैं।
दस वर्षों से जारी है भारत दर्शन की पहल
मुख्यमंत्री ने भारत दर्शन शैक्षिक भ्रमण की पहल के लिए देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि लगातार दस वर्षों तक इस प्रकार के कार्यक्रम का सफल संचालन अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। इस पहल ने विद्यार्थियों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना पैदा की है और वे बेहतर प्रदर्शन के लिए अधिक मेहनत करने के लिए प्रेरित हो रहे हैं। विधायक विनोद कंडारी ने कहा कि विद्यार्थियों का मुख्यमंत्री से सीधे संवाद करना उनके लिए गर्व और ऐतिहासिक अवसर है। उन्होंने कहा कि देवप्रयाग विधानसभा क्षेत्र के विकास में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का निरंतर सहयोग मिला है।
उन्होंने बताया कि भारत दर्शन शैक्षिक भ्रमण की शुरुआत में कई चुनौतियां सामने आईं, लेकिन आज इस पहल के सकारात्मक परिणाम दिखाई दे रहे हैं। विद्यार्थियों में बेहतर प्रदर्शन की प्रतिस्पर्धा बढ़ी है और बच्चे अधिक मेहनत कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के कई विद्यार्थी अब 96 प्रतिशत तक अंक प्राप्त कर रहे हैं, जो इस पहल के सकारात्मक प्रभाव को दर्शाता है। भारत दर्शन पर जाने वाले मेधावी विद्यार्थियों में उत्साह का माहौल है। पहाड़ों से निकलकर देश की विविधता को प्रत्यक्ष देखने और उससे सीखने का यह अवसर उनके लिए यादगार अनुभव बनने की उम्मीद है।
इस अवसर पर जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे, मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल, हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. प्रकाश सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष उदय रावत, उपाध्यक्ष नरेंद्र सिंह, ब्लॉक प्रमुख कीर्तिनगर अंचला खण्डेलवाल, प्रमुख देवप्रयाग विनोद बिष्ट, नगर पंचायत अध्यक्ष कीर्तिनगर राकेश मोहन मैठाणी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी मौजूद रहे।
